हरभजन सिंह ने याद किया 2008 का विवादित टेस्ट, रिकी पोंटिग को लेकर दिया बड़ा बयान

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क्रिकेट इतिहास में ऐसी बहुत सी सीरीज रही है जिन्हें विवादों के लिए जाना जाता है. ऐसी ही एक टेस्ट सीरीज साल 2008 में ऑस्ट्रेलिया और भारत के बीच खेली गई. जिसमें कई विवाद पैदा हुए. साल 2008 के टेस्ट मैच पर बोलते हुए पूर्व दिग्गज स्पिनर हरभजन सिंह ने कहा कि इस सीरीज में रिकी पोंटिग खुद को अंपायर समझ रहे थे. इस मैच में वह अंपायर की तरह व्यवहार कर रहे थे. बता दें कि यह मैच मंकीगेट विवाद के लिए भी याद रखा जाता है. यह विवाद हरभजन सिंह और एंड्रयू साइमंडस के बीच हुआ था.

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हरभजन ने कहा, ‘ऑस्ट्रेलियाई कहते हैं कि जो मैदान पर हुआ उसे मैदान पर ही छोड़ देना चाहिए, लेकिन जो विवाद मेरे और साइमंड्स के बीच हुआ, वो मैदान के बाहर चला गया. ऑस्ट्रेलिया ने इस मैच में भारत को करीबी मुकाबले में आखिरी दिन 122 रनों से हरा दिया. इस मैच में पांच शतक बने थे. साइमंड्स ने भी इस मैच में नाबाद 162 रन बनाए थे.

हरभजन सिंह

दिग्गज स्पिनर हरभजन ने कहा, मैं और साइमंड्स एक दूसरे के काफी पास थे और हमारे पास सचिन तेंदुलकर थे. जब सुनवाई शुरू हुई तो मैथ्यू हेडन, एडम गिलक्रिस्ट, माइकल क्लार्क और रिकी पोंटिंग, चारों ने कहा कि हमने भज्जी को साइमंड्स से कुछ कहते सुना है. मैं सोच रहा था कि तुम लोग तो पास में ही नहीं थे, जहां तक कि सचिन भी नहीं जानते थे कि क्या हुआ है. सिर्फ मैं और साइमंड्स जानते थे कि क्या हुआ है. ऑफ स्पिनर ने कहा, ‘मैं विवादों में फंस गया. सुनवाई हुई और मैं काफी डरा हुआ था कि मेरे साथ क्या हो रहा है. ऑस्ट्रेलियाई मीडिया ने मुझे माइकल जैक्सन बना दिया था. मेरा पीछा लगातार कैमरे कर रहे थे.

बताते चले कि ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट विवादों में काफी रहा है. इस मैच में ऑस्ट्रेलिया दर्शकों की ओर से जमकर हुटिंग भी हुई है. इस मैच में अंपायर की ओर से कई फैसले भारतीय टीम के खिलाफ भी लिए गए. जिसका प्रभाव मैच के परिणाम पर पड़ा. भारत इस कांटे की टक्कर वाले मैच को आखिरी दिन हार गया. इस मैच के बाद मीडिया में जमकर इस मैच की आलोचना हुई. भारतीय प्रशंसकों ने भी इस मैच की जमकर आलोचना की थी.

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